महिला अंपायर से की अशिष्टता, R Ashwin को लगा डबल झटका — दो जुर्मानों से भरना पड़ा खामियाजा
नई दिल्ली। डिंडीगुल ड्रेगन के कप्तान रविचंद्रन अश्विन को TNPL 2025 के एक मैच में महिला अंपायर से बहस करने करना भारी पड़ गया हैं। अश्विन खुद के आउट होने के बाद अंपायर के LBW फैसले से नाखुश नजर आए थे। अब TNPL मैच में तिरुप्पुर तमिजंस की टीम के खिलाफ आचार संहिता के उल्लंघन के लिए उन्हें सजा मिली है।
आर अश्विन को मिली अंपायर से बहस करने की सजा
क्रिकबज की एक रिपोर्ट के अनुसार, डिंडीगुल ड्रैगन्स की 9 विकेट से हार के बाद मैच रेफरी अर्जन कृपाल सिंह ने अश्विन को सजा सुनाई। अश्विन ने LBW आउट का फैसला लेने वाली अंपायर कृतिका से बहस की थी, जिसके लिए उन पर 10 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया था।
इसके अलावा, उपकरण का दुरुपयोग करने के लिए उन पर मैच फीस का 20 प्रतिशत फाइन लगा। डिंडीगुल ड्रैगन्स के कप्तान ने प्रतिबंधों को स्वीकार कर लिया है लेकिन कोयंबटूर के एसएनआर कॉलेज क्रिकेट ग्राउंड में हुई घटना पर अभी तक कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है।
क्या है पूरा मामला?
डिंडीगुल ड्रेगन के कप्तान अश्विन ने तिरुप्पुर तमिजंस के खिलाफ खेले गए मैच में पांचवें ओवर मेंबाएं हाथ के स्पिनर आर साई किशोर की गेंद पर स्वीप शॉट खेलने का प्रयास किया था। गेंद मिस होने पर उन्हें LBW आउट दे दिया गया।
इस दौरान 38 साल अश्विन की पारी 11 गेंदों में 18 रन बनाए, जिसमें दो चौके और एक छक्का शामिल थे, लेकिन अश्विन अंपायर के LBW फैसले से निराश नजर आए। उन्हें बीच मैदान महिला अंपायर कृतिका से बहस करते हुए देखा गया था। यहां तक कि गुस्से में अश्विन ने अपने गल्व्स भी फेंक दिए थे और अपना बल्ला पैड्स पर मारा था।
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