सोनिया और राहुल, खरगे के खिलाफ दाखिल परिवाद सुनवाई के लिए स्वीकार, 17 को होगी बहस
वाराणसी । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को वोट चोर कहने समेत अन्य आपत्तिजनक बयानों को लेकर लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, सोनिया गांधी समेत अन्य के खिलाफ दाखिल परिवाद को पोषणीयता के बिंदु पर सुनवाई के लिए एसीजे चतुर्थ, एमपी-एमएलए कोर्ट ने स्वीकार कर लिया है।
भारतीय जनता पार्टी विधि प्रकोष्ठ, काशी क्षेत्र के संयोजक व अधिवक्ता शशांक शेखर त्रिपाठी द्वारा दाखिल आपराधिक परिवाद को एसीजे चतुर्थ, एमपी-एमएलए कोर्ट में यह वाद बुधवार को दाखिल किया गया था। न्यायालय ने इस प्रकरण की पोषणीयता पर सुनवाई के लिए 17 सितंबर की तिथि नियत की है। यह परिवाद कांग्रेस नेताओं राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया गांधी और पार्टी के आधिकारिक सोशल मीडिया मंचों के खिलाफ दायर किया गया है। परिवाद में आरोप है कि बिहार के दरभंगा में आयोजित कांग्रेस-राजद की रैली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी दिवंगत माता के विरुद्ध अभद्र व अपमानजनक नारे लगाए गए।
कांग्रेस के आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से ऐसी आपत्तिजनक व भड़काऊ पोस्ट साझा की गईं, जिनसे प्रधानमंत्री, केंद्र सरकार व संवैधानिक संस्थाओं की छवि धूमिल करने का प्रयास हुआ। इस प्रकार के आचरण से सामाजिक तनाव, वैमनस्य और सार्वजनिक शांति भंग होने की आशंका पैदा हुई। अधिवक्ता शशांक शेखर के मुताबिक प्रधानमंत्री और संवैधानिक संस्थाओं पर इस तरह के लगातार अपमान, निराधार आरोप और भड़काऊ प्रचार केवल लोकतंत्र को कमजोर करने की साजिश हैं। न्यायालय ने हमारे परिवाद को स्वीकार कर कार्यवाही शुरू करने का मार्ग प्रशस्त किया है।
'अब सिर्फ पीओके की बात होगी'— कारगिल वॉर मेमोरियल से राजनाथ सिंह का पाकिस्तान को कड़ा अल्टीमेटम
पर्यटकों को इतिहास के नाम पर ठगा, नकली रोमन थिएटर का राज 10 साल बाद खुला
विश्व कप में भारतीय शूटिंग टीम का शानदार प्रदर्शन, ईशा सिंह को स्वर्ण और मनु भाकर को कांस्य
विश्वकप और एशियाड मिशन के लिए सख्त अनुशासन, सविता ने बताई टीम की खास तैयारी
'स्ट्रीट फाइटर' वाले बयान से गरमाई राजनीति, धर्मेंद्र प्रधान ने दिया जवाब