खतरे से बचने की योजना थी, लेकिन देर पड़ गई भारी; परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मुंबई। आर्थिक राजधानी मुंबई में मानसून की मूसलाधार बारिश अब मासूम जिंदगियों पर भारी पड़ने लगी है। यहां एक बेहद दर्दनाक हादसे में एक मजदूर के हंसते-खेलते परिवार की खुशियां पल भर में जमींदोज हो गईं। चार बच्चों की मां अख्तर जहां को अपने टिन-शेड वाले घर पर मंडरा रहे खतरे का पहले ही अंदेशा हो गया था। उनके घर के ठीक बगल में बनी बहुमंजिला इमारत जर्जर होकर कभी भी गिर सकती थी, जिसके साफ संकेत मिल रहे थे। खतरे को भांपते हुए अख्तर जहां और उनके पति मोइनुद्दीन वादिज अली शाह ने रविवार सुबह ही मकान बदलने की पूरी तैयारी कर ली थी, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था; शनिवार रात को ही वह इमारत ढह गई और उनका सब कुछ तबाह हो गया।
NEET को लेकर विपक्ष का बड़ा दांव, राहुल गांधी ने बुलाई कांग्रेस सांसदों की बैठक
24 घंटे में चार बार बातचीत की पेशकश, CJP प्रोटेस्ट पर सरकार ने रखा अपना पक्ष
मासूम से अपराध के आरोप में मौलाना पर शिकंजा, हापुड़ पुलिस कर रही जांच
मोदी सरकार के 12 साल में शिक्षा बजट का लेखा-जोखा, क्या कहते हैं आंकड़े?
यात्रियों का हंगामा, 6 घंटे खड़ी रही ट्रेन; पटरियों पर बैठकर जताया विरोध