योगी सरकार का बड़ा कदम, आधा हुआ सीएम का काफिला
लखनऊ: ईंधन बचत की मुहिम—सीएम योगी ने अपने काफिले की गाड़ियां आधी कीं, मंत्रियों ने भी बढ़ाया कदम
लखनऊ। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव और ईंधन की कीमतों के मद्देनजर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा की गई बचत की अपील का उत्तर प्रदेश में व्यापक असर दिखने लगा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वयं पहल करते हुए अपने सुरक्षा काफिले में शामिल सरकारी वाहनों की संख्या में 50 प्रतिशत तक की कमी कर दी है। मुख्यमंत्री के इस अनुकरणीय कदम के बाद प्रदेश के कई मंत्रियों ने भी अपने काफिले छोटे करने शुरू कर दिए हैं।
मंत्रियों ने छोड़ीं एस्कॉर्ट गाड़ियां
उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने अपने काफिले के वाहनों को आधा करते हुए कहा कि राष्ट्रहित में प्रधानमंत्री की अपील का अक्षरश: पालन किया जाएगा। उनके साथ ही आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल ने भी अपनी फ्लीट के वाहनों की संख्या घटाकर आधी कर दी है। राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल और दिनेश खटीक ने अपनी एस्कॉर्ट गाड़ियां विभाग को वापस कर दी हैं।
अन्य मंत्रियों ने भी इस अभियान में उत्साह दिखाया है:
-
रवींद्र जायसवाल (स्टांप मंत्री): अब केवल एक एस्कॉर्ट वाहन का उपयोग करेंगे।
-
संजय गंगवार (गन्ना विकास मंत्री): इन्होंने मिसाल पेश करते हुए फ्लीट की सभी गाड़ियां लौटा दी हैं और अब केवल एक वाहन से सफर करेंगे।
-
जयवीर सिंह (पर्यटन मंत्री): खुद के काफिले में कटौती के साथ अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे वर्चुअल मीटिंग्स को प्राथमिकता दें ताकि आवाजाही में ईंधन कम खर्च हो।
विधानसभा समितियों के दौरे रद्द
ईंधन संरक्षण के इस अभियान को सख्ती से लागू करने के लिए विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने बड़ा फैसला लिया है। विधानसभा की विभिन्न संसदीय समितियों के पहले से तय अध्ययन दौरों (स्टडी टूर) को अगले आदेश तक रोक दिया गया है।
दिल्ली में नई गाइडलाइन जारी, आधी मीटिंग ऑनलाइन और दो दिन घर से काम
किसानों के हित में बड़ा बयान, MSP कानून की मांग तेज
भारत-ओमान गैस कनेक्शन: ₹40 हजार करोड़ का निवेश और ऊर्जा आत्मनिर्भरता
बांग्लादेश में खसरे का प्रकोप बेकाबू, स्वास्थ्य व्यवस्था पर बढ़ा दबाव
शिक्षा भर्ती प्रणाली में बड़ा बदलाव, विकेंद्रीकरण से पारदर्शिता बढ़ाने पर जोर
16 लाख परिवारों को सीधा लाभ, सरकार ने महंगाई भत्ते में की बढ़ोतरी